

सूरजपुर, 9 सितंबर 2026।
सूरजपुर जिले में पर्यटन को बढ़ावा देने, स्थानीय स्तर पर रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर बढ़ाने और जिले के पर्यटन स्थलों को नई पहचान दिलाने के उद्देश्य से RAMP (Raising and Accelerating MSME Performance) योजना के अंतर्गत दो दिवसीय ‘Sector Specific Seminar on Tourism #DiscoverSurajpur’ का आयोजन 8 एवं 9 सितंबर को किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि श्री रामसेवक पैकरा, पूर्व गृह मंत्री, छत्तीसगढ़ शासन, रहे। उन्होंने अपने संबोधन में सूरजपुर में पर्यटन की व्यापक संभावनाओं पर चर्चा की। उन्होंने बताया कि कुदरगढ़ जैसे प्रमुख धार्मिक एवं प्राकृतिक स्थलों को किस तरह बेहतर तरीके से विकसित किया जा सकता है और पर्यटन सुविधाओं के विस्तार से स्थानीय लोगों को किस प्रकार जोड़ा जा सकता है। उन्होंने इस बात पर भी ज़ोर दिया कि सूरजपुर अपनी प्राकृतिक सुंदरता, धार्मिक स्थलों और स्थानीय संस्कृति के कारण पर्यटन के लिए एक उपयुक्त स्थान है। जिले में उपलब्ध इन संभावनाओं को सही तरीके से विकसित और प्रचारित करने की ज़रूरत है।
कार्यक्रम की शुरुआत अतिथियों के स्वागत और दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। इसके बाद स्कूल एवं कॉलेज विद्यार्थियों तथा जनजातीय समुदायों द्वारा लोक सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी गईं। सुश्री मेंशा गोस्वामी ने कार्यक्रम की पृष्ठभूमि और उद्देश्य पर संदर्भ प्रस्तुति दी। इसके बाद जिला कलेक्टर श्रीमती रेना जमील, आई.ए.एस., ने सूरजपुर जिले के प्रमुख पर्यटन स्थलों और उनकी संभावनाओं पर प्रस्तुति दी। कार्यक्रम में सूरजपुर पर आधारित वीडियो का प्रदर्शन किया गया और सूरजपुर टूरिज्म के लोगो का अनावरण भी किया गया।
विशेषज्ञों ने पर्यटन विकास के विभिन्न पहलुओं पर रखे विचार
सेमिनार में डॉ. शुभदा चतुर्वेदी (वरिष्ठ पर्यटक अधिकारी), श्री सौरभ सिंह (सदस्य, छत्तीसगढ़ पर्यटन बोर्ड एवं उद्यमी तथा पर्यटन रणनीतिकार), श्री सनी एवं श्रीमती दीप्ति उपाध्याय (भोरमदेव जंगल रिट्रीट), श्री अवधेश कुशवाहा (मैनेजर, जिला व्यापार एवं उद्योग केंद्र), तथा श्री वैभव सिंह एवं श्री दीपक कुमार पटेल ने पर्यटन क्षेत्र से जुड़े विभिन्न विषयों पर अपने विचार रखे। कार्यक्रम के अंत में श्री विजेंद्र सिंह पटले, मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत ने आभार व्यक्त किया।
इन्फ्लुएंसर्स ने देखे सूरजपुर के प्रमुख पर्यटन स्थल
सेमिनार के बाद इन्फ्लुएंसर्स के दल को जिले के पर्यटन स्थलों के भ्रमण हेतु फ्लैग ऑफ किया गया। पहले दिन दल ने पहाड़गांव और केनापारा का भ्रमण किया, तथा बांक के रेस्ट हाउस में कैंपिंग एवं जैमिंग नाइट में उत्साहपूर्वक भाग लिया।
दूसरे दिन की शुरुआत कुदरगढ़ देवी धाम मंदिर के दर्शन से हुई, इसके बाद दल ने लक्ष्मण पांव, सीता लेखनी और रकसगण्डा जलप्रपात का भ्रमण कर जिले की धार्मिक और प्राकृतिक पर्यटन क्षमता को करीब से देखा।
भ्रमण के अंतिम चरण में दल ने जगरनाथपुर, प्रतापपुर ओपन माइंस, भैयाथान, भैसामुंडा और जगरनाथपुर माइंस का दौरा किया। कार्यक्रम के समापन पर जिला पंचायत, सूरजपुर के कॉन्फ्रेंस हॉल में प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई।
पर्यटन के साथ स्थानीय रोजगार और उद्यमिता को बढ़ावा देने का प्रयास
‘Sector Specific Seminar on Tourism #DiscoverSurajpur’ के माध्यम से जिले के प्राकृतिक, धार्मिक, सांस्कृतिक और जनजातीय पर्यटन स्थलों को जोड़कर सूरजपुर को एक बेहतर पर्यटन गंतव्य बनाने पर ज़ोर दिया गया। RAMP के अंतर्गत आयोजित इस पहल का उद्देश्य स्थानीय पर्यटन व्यवसायों और MSMEs के लिए अवसर उपलब्ध कराना तथा युवाओं व स्थानीय समुदायों को पर्यटन गतिविधियों से जोड़ना भी है।
सूरजपुर की प्राकृतिक सुंदरता, धार्मिक आस्था के केंद्र, जलप्रपात, जनजातीय संस्कृति और स्थानीय परंपराएं जिले को एक अलग पर्यटन पहचान देने की क्षमता रखती हैं। सेमिनार के माध्यम से इन संभावनाओं को रोजगार और स्थानीय आर्थिक गतिविधियों से जोड़ने की दिशा में प्रयास किया गया।
