*सरकार अनुकंपा नियुक्ती नही कर सकती तो हमें किसी विभाग में एडजस्ट करे या फिर कलेक्टर दर दे ताकि हम बच्चों का भरण पोषण कर सकें:
रायपुर। छत्तीसगढ़ की कांग्रेस सरकार की वादाखिलाफी से अनुकंपा नियुक्ति की मांग को लेकर दिवंगत पंचायत शिक्षक की विधवा महिलाओं ने अब 10 अगस्त को आत्मदाह करने का निर्णय लिया है।आज लगभग 300 दिनों से ज्यादा ये महिलाएं धरना स्थल पर धरना देती बैठी हैं, लेकिन इनकी मांगो को पूर्ण नही किया जा रहा है। जबकि इनका कहना है कि हमसे वादा किया गया था कि हमारी सरकार बनते ही इनकी मांगो को पूर्ण कर दिया जाएगा और घोषणा पत्र में भी इसका साफ उल्लेख है कि इनकी मांगो को पूर्ण करेंगे, लेकिन इनकी मांगे अब तक पूरी नही कि जा रही है।
अनुकंपा नियुक्ति संघ की प्रांताध्यक्ष माधुरी मृगे ने कहा:
अनुकंपा नियुक्ति संघ की प्रांताध्यक्ष माधुरी मृगे ने मिडिया से चर्चा में कहा कि हम 20 अक्टूबर 2022 से यहां बैठे हुए हैं और अब हर चीज को लेकर हमें परेशानी हो रही है ,पानी में भीग रहे हैं। हम जिस मांग को लेकर बैठे हैं सरकार ने 10 महीने लगा दिए लेकिन छोटी सी अनुकंपा नियुक्ति के लिए अब वो हमें आत्मदाह करने विवश कर रहे हैं , ये सरकार का काम है कि हमारी मांगे पूरी कि जाए सबकी मांगों को पूर्ण किया जा रहा है और हमारी मांग जो इतनी संवेदनशील है उसको लेकर इतनी देर लगा रही है।
कांग्रेस प्रवक्ता ने भी आवेदन मंगाया और कहा था मुख्य्मंत्री को प्रेषित कर दूंगा:
प्रांताध्यक्ष माधुरी मृगे ने आगे बताया कि कल उनकी एक कांग्रेस प्रवक्ता से भी इस विषय में चर्चा हुईं और उन्होंने कहा कि आवेदन मुख्य्मंत्री को प्रेषित कर दूंगा और आवेदन मुख्य्मंत्री के पास पहुंच भी चुका है। इन अनुकम्पा नियुक्ति पंचायत शिक्षक कि विधवा महिलाओं का मुख्य रूप से कहना है कि हमारे बच्चों का भरण-पोषण करने के लिये या तो किसी भी अन्य विभाग में एडजस्ट करें या फिर कलेक्टर दर दे दीजिए। लेकिन इस मांग से भी हमें वंचित किया जा रहा है तो हम महिलाएं क्या करें।
मांगे पूरी नही हुई तो सभी महिलाओं ने संकल्प लिया कि 10 अगस्त को आत्मदाह करने को मजबूर:
माधुरी मृगे ने कहा कि अगर 9 अगस्त तक हमारी मांगे पूरी नही कि गई तो 10 अगस्त को हम सभी महिलाओं ने आत्मदाह करने का संकल्प लिया है।
अगर सरकार संवेदनशील है तो हमारी मांगें पूरी करें क्योंकि हम छत्तीसगढ़ की बहू बेटियां हैं कहीं बाहर की नही है। हम अगर यहां बैठकर अपने हक के लिए लड़ने की हिम्मत कर सकती हैं तो मरने की हिम्मत भी कर सकती हैं ये सरकार को हम दिखाएंगे।
मुंडन करने की बात से भी अवगत कराया था और करके दिखाया भी था अब आत्मदाह भी करके दिखा देगें:
महिलाओं का कहना है कि जिस तरह हमने मुंडन करवा कर अपनी बात सरकार के सामने रखी थी उस समय भी हमने इसकी सूचना पहले दी थी और मुंडन करवा कर दिखाया था उसी तरह अब हम आत्मदाह करने की सूचना भी दे रही हैं और हम महिलाऐं ये भी करके दिखा देंगी क्यूंकि सरकार की वादाखिलाफी से हम विवश होकर आत्मदाह का कदम उठाएंगे।
इन्होंने संविलियन का हवाला देते हुए कहा जब वह किया जा सकता है तो सरकार हमारी मांगे क्यों पूरी नही कर सकती हैं।
अनुकंपा नियुक्ति पंचायत शिक्षक की विधवा महिलाओं का कर्मचारी संघ के प्रांतीय संयोजक गोपाल प्रसाद साहू ने भी इनकी मांगो को लेकर समर्थन किया है।
